केंद्र सरकार के 12 वर्ष : विकास, विश्वास और जनकल्याण की नई गाथा

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वाराणसी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार के सेवा, सुशासन एवं जनकल्याण के 12 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर पत्र सूचना कार्यालय (पीआईबी), वाराणसी द्वारा शुक्रवार को ‘‘केंद्र सरकार के 12 साल – विश्वास के, विकास के, जनकल्याण के’’ विषय पर एक भव्य वार्तालाप कार्यक्रम (मीडिया कार्यशाला) का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम में 100 से अधिक मीडिया संस्थानों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया और सरकार की विकास यात्रा, जनकल्याणकारी योजनाओं तथा देश के बदलते स्वरूप पर विस्तार से चर्चा की।

कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश सरकार के राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) स्टाम्प तथा न्यायालय शुल्क एवं पंजीयन रवीन्द्र जायसवाल मुख्य अतिथि तथा वाराणसी के महापौर अशोक तिवारी विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।

काशी से लेकर पूरे देश में दिख रहा विकास का नया स्वरूप

मुख्य अतिथि रवीन्द्र जायसवाल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में बीते 12 वर्षों में काशी सहित पूरे देश में अभूतपूर्व विकास कार्य हुए हैं, जिनका सकारात्मक प्रभाव आम नागरिकों के जीवन में स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। उन्होंने कहा कि आधारभूत संरचना, सड़क संपर्क, स्वास्थ्य, आवास, स्वच्छता और सामाजिक सुरक्षा के क्षेत्र में ऐतिहासिक परिवर्तन हुए हैं।

उन्होंने बताया कि कृषि एवं किसान कल्याण विभाग का बजट 27 हजार करोड़ रुपये से बढ़कर 1.40 लाख करोड़ रुपये हो गया है, जबकि पीएम-किसान सम्मान निधि योजना के माध्यम से किसानों को 4.28 लाख करोड़ रुपये से अधिक की प्रत्यक्ष आर्थिक सहायता प्रदान की जा चुकी है।

बेहतर कनेक्टिविटी से क्षेत्रीय विकास को मिली नई गति

रविन्द्र जायसवाल ने कहा कि वाराणसी को गाजीपुर, गोरखपुर, आजमगढ़, प्रयागराज, मिर्जापुर और सोनभद्र सहित विभिन्न जिलों से उत्कृष्ट सड़क संपर्क प्राप्त हुआ है। इससे आवागमन आसान होने के साथ व्यापार, पर्यटन और क्षेत्रीय विकास को भी नई गति मिली है।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना, उज्ज्वला योजना, स्वच्छ भारत मिशन, आयुष्मान भारत तथा प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना जैसी योजनाओं ने करोड़ों परिवारों के जीवन स्तर में व्यापक सुधार किया है।

‘विकास भी, विरासत भी’ की सोच हुई साकार

राज्य मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में ‘‘विकास भी, विरासत भी’’ के मंत्र को मूर्त रूप देते हुए काशी विश्वनाथ धाम, महाकाल लोक और केदारनाथ धाम का पुनर्विकास किया गया तथा अयोध्या में भव्य श्रीराम मंदिर का निर्माण हुआ। इन प्रयासों ने देश की सांस्कृतिक विरासत, धार्मिक आस्था और पर्यटन को नई ऊर्जा प्रदान की है।

महिला सशक्तिकरण और आत्मनिर्भर भारत की मजबूत नींव

विशिष्ट अतिथि एवं वाराणसी के महापौर अशोक तिवारी ने कहा कि पिछले 12 वर्षों में महिला सशक्तिकरण, गरीब कल्याण, आधारभूत संरचना, रक्षा और विदेश नीति के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल हुई हैं। बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना, जननी सुरक्षा योजना और आयुष्मान भारत जैसी योजनाओं ने महिलाओं और बच्चों के स्वास्थ्य तथा सुरक्षा को मजबूत किया है।

उन्होंने कहा कि स्वयं सहायता समूहों, लखपति दीदी और नमो ड्रोन दीदी जैसी पहलों ने महिलाओं की आर्थिक भागीदारी बढ़ाई है और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

भारतीय रेलवे ने तय किया आधुनिकीकरण का नया सफर

मीडिया कार्यशाला को संबोधित करते हुए वाराणसी जंक्शन के स्टेशन निदेशक अर्पित गुप्ता ने कहा कि भारतीय रेलवे ने पिछले 12 वर्षों में सुरक्षा, गति, यात्री सुविधाओं और आधारभूत संरचना के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की है।

उन्होंने बताया कि रेलवे का बजट वर्ष 2014-15 के 32 हजार करोड़ रुपये से बढ़कर वर्ष 2025-26 में 2.78 लाख करोड़ रुपये हो गया है। जनवरी 2026 में वंदे भारत स्लीपर सेवा की शुरुआत तथा देशभर में 60 अमृत भारत ट्रेनों का संचालन रेलवे के आधुनिकीकरण की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धियां हैं।

लोकतंत्र का सशक्त स्तंभ है पत्रकारिता

वरिष्ठ पत्रकार अरुण मिश्रा ने कहा कि पत्रकारिता लोकतंत्र का एक महत्वपूर्ण स्तंभ है, जो सरकार और समाज के बीच प्रभावी सेतु का कार्य करती है। उन्होंने कहा कि मीडिया जनहित के मुद्दों को सामने लाकर शासन-प्रशासन को संवेदनशील और जवाबदेह बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

योजनाओं की जानकारी जन-जन तक पहुंचाने का उद्देश्य

कार्यक्रम के संयोजक एवं पत्र सूचना कार्यालय तथा केंद्रीय संचार ब्यूरो के निदेशक दिलीप कुमार शुक्ल ने अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि इस वार्तालाप कार्यक्रम का उद्देश्य केंद्र सरकार की उपलब्धियों, जनकल्याणकारी योजनाओं और विकासात्मक पहलों की जानकारी मीडिया के माध्यम से समाज के विभिन्न वर्गों तक पहुंचाना है।
कार्यक्रम के अंत में उन्होंने सभी अतिथियों, वक्ताओं और प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया।

पत्रकारों ने भी रखे अपने विचार

मीडिया कार्यशाला में उपस्थित पत्रकारों ने भी केंद्र सरकार के 12 वर्षों की उपलब्धियों, विकास कार्यों और जनकल्याणकारी योजनाओं पर अपने विचार साझा किए। इस दौरान विकसित भारत-2047 के लक्ष्य, जनभागीदारी और मीडिया की भूमिका पर सार्थक चर्चा हुई।

 

रिपोर्ट – जगदीश शुक्ला

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