विश्व पर्यावरण दिवस पर चकिया ब्लाक के गांव बने हरित चेतना का केंद्र, 2444 पौधों के साथ पर्यावरण संरक्षण का लिया गया संकल्प

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चकिया (चंदौली), 5 जून

विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर चकिया विकासखंड में पर्यावरण संरक्षण को जन आंदोलन का स्वरूप देने के उद्देश्य से भव्य जागरूकता अभियान एवं वृक्षारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। एडीओ पंचायत नारायण दत्त के नेतृत्व में निकाली गई जागरूकता रैली ने नगरवासियों को पर्यावरण बचाने और अधिक से अधिक पौधे लगाने का संदेश दिया।

रैली के दौरान “एक पेड़ मां के नाम”, “हरियाली ही खुशहाली” और “पेड़ लगाओ, जीवन बचाओ” जैसे नारों से पूरा क्षेत्र गूंज उठा। अधिकारियों और कर्मचारियों ने लोगों से पर्यावरण संरक्षण को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाने तथा वृक्षों की सुरक्षा का संकल्प लेने की अपील की।

विश्व पर्यावरण दिवस पर चकिया विकासखंड की सभी ग्राम पंचायतों में विशेष वृक्षारोपण अभियान चलाया गया। अभियान के तहत 2444 पौधों का रोपण किया गया, जबकि प्रत्येक ग्राम पंचायत में 27 पौधे लगाकर हरित चकिया के निर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया गया।

एडीओ पंचायत नारायण दत्त ने कहा कि आज पूरी दुनिया जलवायु परिवर्तन, बढ़ते तापमान और प्रदूषण जैसी गंभीर चुनौतियों का सामना कर रही है। ऐसे में वृक्षारोपण केवल एक कार्यक्रम नहीं बल्कि पृथ्वी और मानव जीवन को बचाने का सबसे प्रभावी माध्यम है। उन्होंने कहा कि लगाए गए पौधों का संरक्षण भी उतना ही महत्वपूर्ण है जितना उनका रोपण।

कार्यक्रम में मौजूद कर्मचारियों और ग्रामीणों ने पौधों की देखभाल का संकल्प लिया। इस दौरान नवीन कुमार, जेपी कुमार समेत विकासखंड के कर्मचारी और अन्य लोग उपस्थित रहे।

हरियाली का संदेश, पर्यावरण बचाने का संकल्प

विश्व पर्यावरण दिवस पर चकिया विकासखंड में आयोजित यह अभियान केवल पौधे लगाने तक सीमित नहीं रहा, बल्कि लोगों में पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी और जागरूकता का भाव भी जगाने में सफल रहा। वृक्षारोपण और जनजागरण के इस प्रयास ने यह संदेश दिया कि पर्यावरण संरक्षण ही भविष्य की सबसे बड़ी आवश्यकता है।

“आज लगाया गया एक पौधा, आने वाली पीढ़ियों को जीवन देने वाला एक अनमोल उपहार है।”

 

रिपोर्ट – अलीम हाशमी

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