माघ मेला–2026 के प्रथम स्नान पर्व पौष पूर्णिमा को सुरक्षित, सुव्यवस्थित एवं निर्विघ्न रूप से संपन्न कराने के उद्देश्य से पुलिस अधीक्षक माघ मेला नीरज कुमार पाण्डेय के निर्देशन में माघ मेला क्षेत्र के प्रमुख स्नान घाटों पर आपातकालीन आपदा प्रबंधन को सुदृढ़ करने हेतु मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया।
इस मॉक ड्रिल में जल पुलिस, एनडीआरएफ तथा पीएसी (बाढ़ राहत दल) की संयुक्त टीमों द्वारा सहभागिता की गई। अभ्यास का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना था कि जल क्षेत्र में किसी भी संभावित आपात स्थिति, विशेषकर नाव संचालन में लापरवाही अथवा सुरक्षा मानकों के उल्लंघन की स्थिति में, राहत एवं बचाव कार्यवाही त्वरित, समन्वित एवं प्रभावी ढंग से की जा सके।

अभ्यास के दौरान यह प्रदर्शित किया गया कि यदि किसी कारणवश नाव अनियंत्रित होकर पलट जाती है, तो किस प्रकार राहत एवं बचाव दल द्वारा त्वरित प्रतिक्रिया देते हुए सभी श्रद्धालुओं को सुरक्षित बाहर निकाला जाता है। साथ ही विभिन्न एजेंसियों के बीच आपसी समन्वय, संचार व्यवस्था एवं संसाधनों के प्रभावी उपयोग का भी परीक्षण किया गया।
मॉक ड्रिल के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि माघ मेला–2026 के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है तथा किसी भी आपात स्थिति से निपटने हेतु सभी आवश्यक तैयारियाँ पूर्ण सतर्कता के साथ सुनिश्चित की जा रही हैं।
रिपोर्ट विजयलक्ष्मी तिवारी









Users Today : 20
Users This Year : 15587
Total Users : 28180
Views Today : 22
Total views : 55930