कलेक्ट्रेट में पत्रकारों के लिए नहीं बैठने की व्यवस्था

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बांदा

लोकतंत्र का चौथा स्तंभ कहे जाने वाले पत्रकार आज खुद मूलभूत सुविधाओं के अभाव से जूझ रहे हैं। बांदा कलेक्ट्रेट में प्रतिदिन बड़ी संख्या में पत्रकार समाचार संकलन, जनसमस्याओं के निराकरण एवं शासन-प्रशासन की गतिविधियों की कवरेज के लिए पहुंचते हैं।

यही पत्रकार सरकार की योजनाओं का प्रचार-प्रसार करते हैं, जनता की आवाज शासन तक पहुंचाते हैं और अधिकारियों के अच्छे कार्यों को प्रमुखता से सामने लाने का कार्य करते हैं, लेकिन दुखद स्थिति यह है कि आज उन्हीं पत्रकारों के बैठने के लिए कलेक्ट्रेट परिसर में कोई समुचित एवं छायादार स्थान तक उपलब्ध नहीं है। भीषण गर्मी और धूप में पत्रकार घंटों खड़े रहने को मजबूर रहते हैं।

सबसे गंभीर विषय यह है कि महिला पत्रकारों के लिए कलेक्ट्रेट परिसर में स्वच्छ शौचालय तक की समुचित व्यवस्था नहीं है, जिससे उन्हें भारी असुविधा का सामना करना पड़ता है। इन्हीं समस्याओं को लेकर जनता दल यूनाइटेड (जेडीयू) की प्रदेश उपाध्यक्ष एवं बुंदेलखंड प्रभारी शालिनी सिंह पटेल ने नगर मजिस्ट्रेट के माध्यम से जिलाधिकारी बाँदा को ज्ञापन सौंपा।

दिए गए ज्ञापन में पत्रकारों के बैठने हेतु छायादार स्थान, पत्रकार दीर्घा में पेयजल एवं अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराए जाने की मांग की गई। साथ ही दूर-दराज क्षेत्रों से आने वाले फरियादियों एवं आम नागरिकों के लिए ठंडे पेयजल तथा विशेष रूप से महिलाओं के लिए साफ-सुथरे शौचालय की व्यवस्था सुनिश्चित किए जाने की मांग उठाई गई।

शालिनी सिंह पटेल ने कहा कि कलेक्ट्रेट जैसे महत्वपूर्ण प्रशासनिक केंद्र में यदि पत्रकारों एवं आम जनता के लिए मूलभूत सुविधाएं ही उपलब्ध नहीं होंगी, तो शासन-प्रशासन की छवि पर इसका नकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। उन्होंने प्रशासन से जनहित एवं लोकतंत्र की गरिमा को ध्यान में रखते हुए इस समस्या का गंभीरता से संज्ञान लेकर आवश्यक कार्यवाही किए जाने की मांग की है।


रिपोर्ट – सुनील यादव

 

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