चंन्दौली
बबुरी थाना क्षेत्र के बौरी ग्राम सभा में चल रहे संगीतमय श्रीराम कथा के पांचवें दिन कथा वाचक ने कहा कि श्रीराम कथा व्यक्ति को मर्यादा में रहने व अनुशासन सिखाती है। उन्होंने सती मोह प्रसंग को मार्मिक ढंग से प्रस्तुत करते हुए नारी की गरिमा, महिमा का भी चित्रण किया।
कहा श्रीराम कथा के श्रवण से तमाम कष्टों का निवारण होता है। साथ ही लोगों में भातृत्व भाव, प्रेम व त्याग की भावना का विस्तार होता है। गुरु की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि गुरु के बिना ज्ञान अधूरा है। रामकथा हमें मर्यादा, त्याग और प्रेम जैसे मूल्यों को सिखाती है।
यह गुरु वशिष्ठ और विश्वामित्र जैसे गुरुओं के प्रति राम की श्रद्धा और आज्ञाकारिता को दर्शाती है, जो सफलता के लिए आवश्यक है। श्रीराम का जीवन यह सिखाता है कि शक्ति केवल शारीरिक आक्रमण में नहीं, बल्कि अनुशासन, धैर्य और आंतरिक संतुलन में है।
इस अवसर पर विरेंद्र सिंह,लालबहादुर सिंह, हरिवंश सिंह, आशीष सिंह, उमा सिंह,राजेश सिंह कैप्टन, ओमप्रकाश सिंह, जय प्रकाश सिंह आदि लोग उपस्थित रहे।
रिपोर्ट – अलीम हाशमी











Users Today : 3
Users This Year : 17444
Total Users : 30037
Views Today : 3
Total views : 59521