वाराणसी।
गंजारी में निर्माणाधीन अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम का निर्माण अब अपने अंतिम चरण में पहुंच गया है। करीब 90 प्रतिशत निर्माण कार्य पूरा हो चुका है और कार्यदायी संस्था ने 21 अप्रैल तक इसे संबंधित प्राधिकरण को हैंडओवर करने की तैयारी तेज कर दी है। निर्धारित समयसीमा को ध्यान में रखते हुए शेष कार्य युद्धस्तर पर कराए जा रहे हैं।
निर्माण से जुड़े सूत्रों के अनुसार स्टेडियम परिसर में फ्लड लाइट्स लगाने का कार्य पूर्ण हो चुका है। मुख्य संरचना, पिच क्षेत्र और अन्य आधारभूत सुविधाएं भी लगभग तैयार हैं। फिलहाल दर्शक दीर्घाओं में सीटें लगाने का काम तेजी से चल रहा है। एजेंसी ने भरोसा दिलाया है कि तय समय के भीतर सभी आवश्यक कार्य पूर्ण कर औपचारिक रूप से स्टेडियम का हस्तांतरण कर दिया जाएगा।
करीब 30 हजार दर्शकों की क्षमता वाला यह अत्याधुनिक स्टेडियम काशी की सांस्कृतिक पहचान और पारंपरिक वास्तुशिल्प को ध्यान में रखते हुए डिजाइन किया गया है। इसकी रूपरेखा में स्थानीय कला और प्रतीकों की झलक देखने को मिलेगी। परियोजना का उद्देश्य न केवल राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मुकाबलों की मेजबानी करना है, बल्कि वाराणसी को वैश्विक खेल मानचित्र पर एक प्रमुख केंद्र के रूप में स्थापित करना भी है।
स्टेडियम के निर्माण से क्षेत्र में खेल गतिविधियों को बढ़ावा मिलने के साथ-साथ युवाओं को बेहतर प्रशिक्षण सुविधाएं भी उपलब्ध होंगी। साथ ही बड़े आयोजनों के जरिए पर्यटन, होटल उद्योग और स्थानीय व्यापार को भी नई गति मिलने की संभावना है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह परियोजना पूर्वांचल में खेल अवसंरचना के विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।
हालांकि स्टेडियम के आसपास अतिरिक्त भूमि खरीद का मुद्दा अभी पूरी तरह सुलझ नहीं पाया है। प्रशासन किसानों से सहमति बनाने के प्रयास कर रहा है और सर्किल रेट से दोगुना मुआवजा देने का प्रस्ताव रखा गया है। इसके बावजूद कुछ किसानों ने अपनी जमीन न देने का निर्णय दोहराया है।
अधिकारियों का कहना है कि मुख्य स्टेडियम का निर्माण कार्य समय पर पूरा कर लिया जाएगा और हैंडओवर के बाद इसे शीघ्र ही खेल आयोजनों के लिए तैयार कर लिया जाएगा। गंजारी स्टेडियम के शुरू होने से क्षेत्रीय विकास को नई दिशा मिलने की उम्मीद है।









Users Today : 9
Users This Year : 24089
Total Users : 36682
Views Today : 10
Total views : 72093