नाबालिग से गैंगरेप मामले में चौकी इंचार्ज दरोगा आरोपी, फरार; SHO सस्पेंड

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कानपुर, 7 जनवरी 2026*:

उत्तर प्रदेश के कानपुर में एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां सचेंडी थाना क्षेत्र में 14 वर्षीय नाबालिग लड़की का अपहरण कर उसके साथ गैंगरेप किया गया। पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि मुख्य आरोपी खुद पुलिस विभाग के दरोगा अमित मौर्या हैं, जो भीमसेन चौकी के इंचार्ज हैं। घटना उनके ही क्षेत्र में हुई, जिससे पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है।

घटना का विवरण

– पीड़िता सोमवार रात करीब 10 बजे घर से बाहर निकली थी।
– आरोपी दरोगा अमित मौर्या और उनके साथी शिवबरन (जो यू-ट्यूबर/पत्रकार बताया जा रहा है) ने काली स्कॉर्पियो कार में लड़की का अपहरण किया।
– चलती कार में करीब 2 घंटे तक दोनों ने नाबालिग के साथ दुष्कर्म किया।
– इसके बाद पीड़िता को घर के बाहर छोड़कर फरार हो गए और जान से मारने की धमकी दी।
– पीड़िता ने अपने परिजनों को घटना बताई, जिसके बाद परिवार ने सचेंडी थाने में शिकायत दर्ज कराई।

पुलिस की शुरुआती लापरवाही और कार्रवाई

– शुरुआत में परिवार का आरोप है कि थाने में पुलिस ने उचित कार्रवाई नहीं की और दरोगा का नाम लेने पर टालमटोल किया।
– बाद में वरिष्ठ अधिकारियों के हस्तक्षेप पर जांच हुई, जिसमें दरोगा अमित मौर्या का नाम प्रमुख आरोपी के रूप में सामने आया।
– पूछताछ में गिरफ्तार आरोपी शिवबरन ने दरोगा के साथ मिलकर अपराध करने की बात कही (हालांकि बाद में वह खुद को निर्दोष बता रहा है)।
– पीड़िता ने दरोगा की काली स्कॉर्पियो कार और दोनों आरोपियों की शिनाख्त की।

पुलिस की सख्त कार्रवाई

– आरोपी दरोगा अमित मौर्या को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया गया है, लेकिन वह फरार चल रहा है। उसकी गिरफ्तारी के लिए 4 विशेष पुलिस टीमें गठित की गई हैं।
– दूसरे आरोपी शिवबरन को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।
– सचेंडी थाना प्रभारी विक्रम सिंह की भूमिका संदिग्ध पाए जाने पर उन्हें सस्पेंड कर दिया गया। उन पर हल्की धाराओं में मुकदमा दर्ज करने, तथ्यों को छिपाने और अधिकारियों को गुमराह करने के आरोप हैं।
– मुकदमे में POCSO एक्ट सहित गैंगरेप और अपहरण की गंभीर धाराएं लगाई गई हैं।
– कानपुर पुलिस कमिश्नर रघुवीर लाल ने मामले पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है और आरोपी दरोगा पर सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया है।

यह मामला पुलिस की विश्वसनीयता पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है, क्योंकि आरोपी खुद रक्षक की वर्दी में था और अपने ही क्षेत्र में अपराध को अंजाम दिया। जांच जारी है और जल्द ही फरार दरोगा की गिरफ्तारी की उम्मीद है।

 

 

रिपोर्ट – जगदीश शुक्ला

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