वाराणसी
रंगों के पर्व होली पर इस बार काशी में जश्न का रंग कुछ ज्यादा ही चढ़ा नजर आया। होली के मौके पर वाराणसी में शराब की बिक्री ने नया रिकॉर्ड बना दिया। आबकारी विभाग के अनुसार मात्र तीन दिनों में जिले में करीब 27 करोड़ रुपये की शराब की बिक्री दर्ज की गई है। इससे विभाग को भी अच्छा खासा राजस्व प्राप्त हुआ है।
तीन दिनों में रिकॉर्ड बिक्री
आबकारी अधिकारी कमल शुक्ला ने मीडिया से बातचीत में बताया कि 1 मार्च से 3 मार्च के बीच वाराणसी में देसी शराब, विदेशी शराब और बियर मिलाकर कुल लगभग 27 करोड़ रुपये की बिक्री हुई। त्योहार के दौरान शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों तक शराब की दुकानों पर लोगों की भीड़ देखने को मिली।
होली में ‘बम-बम’ हुई काशी: तीन दिनों में 27 करोड़ की शराब बिकी, शहर में अंग्रेजी तो गांव में देसी की रही ज्यादा मांग
उन्होंने बताया कि होली के दौरान लोगों में जश्न का माहौल रहता है और बड़ी संख्या में लोग शराब के साथ-साथ भांग का भी सेवन करते हैं, जिसकी वजह से बिक्री में अचानक बढ़ोतरी हो जाती है।
शहर में अंग्रेजी शराब, गांव में देसी की मांग
आबकारी अधिकारी के अनुसार वाराणसी के शहरी और ग्रामीण इलाकों में शराब की पसंद अलग-अलग देखने को मिलती है। शहर के इलाकों में अंग्रेजी शराब की मांग ज्यादा रहती है, जहां कुल बिक्री में इसकी हिस्सेदारी करीब 60 प्रतिशत तक रहती है। वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में देसी शराब की खपत लगभग 70 प्रतिशत तक दर्ज की जाती है।
काशी में भांग की भी खास परंपरा
कमल शुक्ला ने बताया कि बाबा की नगरी काशी में भांग को प्रसाद के रूप में भी ग्रहण करने की परंपरा है। होली के अवसर पर बड़ी संख्या में लोग भांग का सेवन करते हैं। हालांकि भांग से सरकार को ज्यादा राजस्व प्राप्त नहीं होता, इसलिए इसकी बिक्री के आंकड़े शराब की तुलना में कम दर्ज होते हैं।
सात सेक्टर और दो सर्किल में बंटा है जिला
आबकारी अधिकारी के मुताबिक वाराणसी जिले को प्रशासनिक दृष्टि से सात सेक्टर और दो सर्किल में विभाजित किया गया है। इनमें एक सर्किल पिंडरा और दूसरा राजा तालाब है। नगर निगम क्षेत्र में सात आबकारी निरीक्षक तैनात हैं, जो पूरे इलाके में बिक्री और व्यवस्थाओं की निगरानी करते हैं।
प्रशासन की निगरानी में हुई बिक्री
होली के दौरान प्रशासन की निगरानी में पूरे जिले में शराब की बिक्री और व्यवस्था को नियंत्रित रखा गया। त्योहार के दौरान रिकॉर्ड बिक्री से आबकारी विभाग को अच्छा राजस्व प्राप्त हुआ, वहीं विभागीय टीमें लगातार क्षेत्र में निगरानी करती रहीं ताकि कहीं भी अवैध बिक्री या अव्यवस्था की स्थिति न बनने पाए।











Users Today : 12
Users This Year : 23708
Total Users : 36301
Views Today : 15
Total views : 71281